}); शायरी - latest news in hindi

udate gk

Home Top Ad

Post Top Ad

शनिवार, 1 सितंबर 2018

demo-image

शायरी


सफलता की पोशाक कभी तैयार नहीं मिलती है मेरे दोस्त इसे बनाने के लिए मेहनत का हुनर चाहिए।
मैं भगवान से बस यही कामना करता हूं ज्यादा नहीं बस इतना सफल हो जाऊं कि अपने माता-पिता की हर ख्वाहिश पूरी कर सकूं,
jjkjjj

मेहनत एक ऐसी सुनहरी चाबी है जो बंद भविष्य के दरवाजे भी खोल देती है।
मिट्टी से और फिर मिट्टी में तो फिर गुरुर किस बात का.
कमाल है क्या समय चल रहा है खाते हैं तो पचता नहीं है कमाते हैं तो बचता नहीं है।
छाता और दिमाग तभी काम करते हैं जब वह खुले हो बंद होने पर दोनों बोझ से होते हैं
हर व्यक्ति को झूंठ से नफरत करता है, तो मैं परेशान हूं कि इस संसार में फिर झूठ कौन बोलता है,
सारी दुनिया कहती है कि, हार मान लो, लेकिन दिल धीरे से कहता है, एक बार और कोशिश कर, तू जरूर कर सकता है,
कोई विश्वास तोड़े तो दिल से उसका धन्यवाद करो, क्योंकि वही लोग सिखाते हैं, कि विश्वास सोच समझ कर करना चाहिए।
रिश्ता वही कायम रहता है जो दिल से शुरू होता है जरूरतों से नहीं,
भरोसा जीता जाता है, मांगा नहीं जाता, यह वह दौलत है, जिसे पाया जाता है, कमाया नहीं जाता.
जिंदगी में कुछ नेक काम ऐसे भी करने चाहिए, कि जिनका खुदा के सिवा कोई दूसरा गवाह ना हो.
कैसे खिलेंगे रिश्तो के फूल, अगर हम ढूंढते रहेंगे एक दूसरे की भूल,
हो सके तो जिंदगी में सुकून ढूंढिए, यह ख्वाहिशें तो जिंदगी भर ख़त्म नहीं होंगी,
किसी का दिल अगर साफ ना हो, तो उसका खूबसूरत चेहरा भी किसी काम का नहीं होता,
उम्र भर की कमाई खत्म हो सकती है, लेकिन जो दुआएं सेवा करने से मिलेंगी वह कभी खत्म नहीं हो सकती
मानता हूं कि आप किसी की भाग्य नहीं बदल सकते, लेकिन अच्छी प्रेरणा लेकर किसी का मार्गदर्शन जरूर कर सकते हैं,
जब ख्वाबों के रास्ते जरूरतों की ओर मुड़ जाते हैं, तब असल जिंदगी के मायने समझ आते हैं
मेरी औकात से ज्यादा मुझे कुछ मत देना मेरे मालिक, क्योंकि जरुरत से ज्यादा रोशनी भी इंसान को अंधा बना देती है,
गलत सोच और गलत अंदाजा, इंसान को हर रिश्ते से गुमराह कर देते हैं,
कमाल का ताना दिया आज मंदिर के भगवान ने, कहा मांगने ही आते हो कभी मिलने भी आया करो,
मजाक और पैसा काफी सोच समझकर उड़ाना चाहिए,
जिस तरह से साझा की गई खुशियां दोगुनी हो जाती हैं, उसी तरह साझा किया गया दुख भी आधा हो जाता है,
जिम्मेदारियां भी खूब इम्तिहान लेती हैं, जो निभाता है उसी को परेशान करती हैं,
एक सपना टूट कर चकनाचूर होने के बाद, दूसरा सपना देखने के हौसले को असल जिंदगी कहते हैं,
कौन क्या कर रहा है, कैसे कर रहा है, क्यों कर रहा है, इन सब से आप जितना दूर रहेंगे, उतना ही खुश रहेंगे,
बुद्धिमान चुप रहते हैं, समझदार बोलते हैं, मूर्ख बहस करते हैं,
मैं कैसा हूं मुझे नहीं मालूम, लेकिन मुझे मिला हुआ हर व्यक्ति, बहुत ही अच्छा लगता है, मैं उनका हृदय से सम्मान अदा करता हूं,
खुश चेहरे के पीछे को गम को पहचान लेती ये माएं होती ऐसी है, जो बिना बताए दिल का हाल जान लेती है,
साहब जुबान से माफ करने में वक्त नहीं लगता, दिल से माफ करने में, पूरी उम्र बीत जाती है,
जीवन में समस्याएं तो हर दिन नई खड़ी है, जीत जाते हैं वह जिनकी सोच बड़ी है,
किसी का दिल दुखाकर, कभी अपने लिए खुशियों की उम्मीद मत करना,
मतलबी लोग कभी किसी के अच्छे दोस्त नहीं होते,
ठोकर खाकर ना संभले, तो मुसाफिर का नसीब, वरना पत्थरों ने तो अपना फर्ज निभा ही दिया,
समस्या का अंतिम हल माफी है, कर दो, या, मांग लो,
सुख सुबह जैसा होता है, मांगने से नहीं जागने से मिलता है,
ये दुनिया ऐसी है, कि लोग रो कर सुनते हैं आपके दर्द को, और हंस कर दूसरों को सुनाते हैं
आज के युग में किसी अपने को सही राह दिखाने का मतलब है, उसके काम में टांग अड़ाना,
जीवन का सबसे बड़ा गुरु वक्त होता है, क्योंकि जो वक्त सिखाता है वह कोई और नहीं सिखा पाता,
जितना हम मुसीबतों से लड़ते जाते हैं, उतना ही हमारी कमजोरियां दूर होती जाती है



कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

Pages